Home राज्य स्मार्ट मीटर के बाद बदली बिजली बिल व्यवस्था, अब ‘बिजली मित्र’ ऐप...

स्मार्ट मीटर के बाद बदली बिजली बिल व्यवस्था, अब ‘बिजली मित्र’ ऐप से देख सकेंगे बिल

24
0
Jeevan Ayurveda

उदयपुर
बिजली के स्मार्ट मीटर लगने के साथ ही अब घर-घर जाकर मीटर रिडिंग लेने की प्रक्रिया बंद की जा रही है। ऐसे में उपभोक्ताओं को बिजली बिल की हार्ड कॉपी नहीं मिलेगी, बल्कि वे ऑनलाइन ही बिजली खपत देख सकेंगे। चाहे तो बिजली बिल डाउनलोड कर सकेंगे। इस नई व्यवस्था की शुरुआत के लिए शहर के अशोकनगर, पावर हाउस प्रथम और द्वितीय का चयन किया गया है। इन सबडिविजन के 50 हजार उपभोक्ताओं को अगले माह से बिजली बिल नहीं मिलेंगे।

अमूमन महीने की शुरुआत से करीब 15 दिन तक मीटर रीडिंग का काम ही चलता रहता है। ऐसे में उपभोक्ता को बिजली बिल जमा कराने के लिए कम ही समय मिल पाता है। नई व्यवस्था के तहत महीने की पहली तारीख को ही बिल जनरेट हो जाएगा। ऐसे में उपभोक्ता को बिल जमा कराने का भरपूर समय मिलेगा। इससे जहां बिजली निगम के कार्मिकों को आसानी होगी, वहीं उपभोक्ता को दफ्तर के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे।

Ad

'बिजली मित्र' ऐप डाउनलोड करना जरुरी
नई व्यवस्था के तहत बिजली बिल, खपत, भुगतान और शिकायतों से जुड़ी जानकारी के लिए उपभोक्ताओं को बिजली मित्र ऐप डाउनलोड करना होगा। बिजली मित्र ऐप उपभोक्ताओं को बिजली से जुड़ी कई सेवाएं मोबाइल पर उपलब्ध कराएगा। ऐप के जरिए वर्तमान और पुराने बिजली बिल देखे और डाउनलोड किए जा सकते हैं। साथ ही पिछले भुगतानों की जानकारी भी मिल सकेगी। धीरे-धीरे पूरे शहर में यही व्यवस्था लागू होगी।

खपत पर भी रख सकेंगे नजर
ऐप की मदद से उपभोक्ता पिछले महीनों की बिजली खपत देख सकते हैं। मासिक और औसत खपत की जानकारी मिलने से यह समझने में मदद मिलती है कि किस महीने बिजली का इस्तेमाल कितना बढ़ा या घटा। स्मार्ट मीटर वाले उपभोक्ताओं के लिए 'माय स्मार्ट मीटर' सुविधा के जरिए प्रति घंटे, साप्ताहिक और मासिक खपत, रियल टाइम मीटर रीडिंग और ऑन-डिमांड रीडिंग जैसी जानकारी उपलब्ध कराई जा रही है।

बिल भुगतान और शिकायत की सुविधा
ऐप से वर्तमान बिजली बिल का ऑनलाइन भुगतान किया जा सकता है। बिजली आपूर्ति, सुरक्षा, बिजली चोरी या अन्य तकनीकी समस्याओं से संबंधित शिकायत और सुझाव भी दर्ज किए जा सकते हैं। शिकायत दर्ज करने के बाद उसका स्टेटस ऑनलाइन देखा जा सकता है। ऐप पर नए बिजली कनेक्शन के लिए आवेदन की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी। कई प्रक्रियाओं में कागजी दस्तावेज लेकर कार्यालय जाने की जरूरत कम होगी।

डिजिटल ज्ञान नहीं तो परेशानी
जिन उपभोक्ताओं को डिजिटल सेवाओं का इस्तेमाल करने में परेशानी होती है, उनके लिए इन सुविधाओं का लाभ लेना कठिन हो सकता है। एप की सुविधाएं कनेक्शन और मीटर की उपलब्ध सेवाओं के अनुसार अलग-अलग हो सकती हैं। कई घरों में बुजुर्ग ही निवासरत हैं, जो डिजिटल या तकनीकी रूप से सक्षम नहीं हैं, उन्हें बिल देखने में परेशानी आएगी। याद नहीं रखने पर भी बिजली उपभोक्ताओं को दिक्कत आ सकती है।

इनका कहना है-
'अजमेर मुख्यालय से लिए गए निर्णय के अनुसार फिलहाल तीन सबडिविजन का चयन किया गया है। इन सबडिविजन के क्षेत्र में आने वाले उपभोक्ताओं तक रीडिंग के माध्यम से बिल नहीं पहुंचाए जाएंगे। वे मोबाइल के जरिये खुद ही खपत व बिल देख सकेंगे।' -केआर मीणा, एसइ, एवीवीएनएल उदयपुर सर्कल

Jeevan Ayurveda Clinic

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here