Home विदेश ईरान युद्ध में नया मोड़, चाबहार बंदरगाह पर मिसाइल हमले का दावा

ईरान युद्ध में नया मोड़, चाबहार बंदरगाह पर मिसाइल हमले का दावा

4
0
Jeevan Ayurveda

नई दिल्ली
पश्चिम एशिया में चल रहा भीषण युद्ध एक बार फिर बेहद खतरनाक मोड़ पर आ गया है। अमेरिका ने अब ओमान की खाड़ी में स्थित ईरान के रणनीतिक रूप से बेहद अहम चाबहार पोर्ट को तबाह करने का दावा किया है। इस पोर्ट पर भारत लंबे समय से निवेश करता आया है। जानकारी के मुताबिक अमेरिका ने शुक्रवार को चाबहार बंदरगाह पर कम से कम 3 मिसाइलें दागी हैं। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में तबाही का मंजर साफ नजर आ रहा है।

अमेरिकी हमले में बंदरगाह का एक निगरानी टॉवर बढ़ गया है। अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने भी सोशल मीडिया पर इस हमले की तस्वीरें भी साझा की है। वीडियो में धुएं और धूल के गुबार के बीच एक टॉवर जैसी संरचना भरभराकर गिरती हुई दिखाई दे रही है। हालांकि ईरानी मीडिया ने बंदरगाह पर लगातार तीसरे दौर के हमलों की पुष्टि तो की है, लेकिन टॉवर के गिरने की बात को अभी आधिकारिक तौर पर स्वीकार नहीं किया है।

Ad

अमेरिकी हमले में कई मरे
इससे पहले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की धमकी के बाद अमेरिका ने ईरान पर एक बार फिर बमबारी शुरू कर दी है। अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने बताया है कि अमेरिकी सेना ने ईरानी सैन्य क्षमताओं को पूरी तरह से नष्ट करने के लिए लगातार छठी रात भी ईरान पर ताबड़तोड़ हवाई हमले किए। ईरानी सरकारी मीडिया के अनुसार, रातों-रात हुए इन अमेरिकी हमलों में कम से कम 8 लोगों की मौत हो गई है, जबकि 20 अन्य गंभीर रूप से घायल हैं। वहीं ईरान के स्वास्थ्य मंत्रालय के हवाले से एएफपी ने बताया कि 22 जून को नए सिरे से शुरू हुई इस जंग में ईरान में मरने वालों की कुल संख्या बढ़कर 38 हो गई है, जबकि 400 से अधिक लोग घायल हो चुके हैं।

बुनियादी ढांचे को किया तबाह
ईरान की स्थानीय रिपोर्ट्स के मुताबिक अमेरिका ने बुनियादी ढांचे पर हमले किए हैं। दक्षिणी प्रांत होर्मोजगान में छह पुलों को निशाना बनाया गया। इसके अलावा बंदर अब्बास के हवाई अड्डे, रेलवे स्टेशन और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के पास 2 पुलों पर भी अमेरिकी बम गिरे हैं। इधर ईरान के एकमात्र सिविल न्यूक्लियर प्लांट वाले शहर बुशहर में भी 2 जोरदार धमाके सुने गए हैं, जिससे हड़कंप मच गया है।

ईरान ने खाड़ी देशों को दहलाया
अमेरिकी हमलों के जवाब में ईरान की सेना रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने भी बड़ा पलटवार करने का दावा किया है। ईरान का दावा है कि उसने ओमान में स्थित 2 अमेरिकी रडार साइटों को निशाना बनाकर पूरी तरह से नष्ट कर दिया है। इनमें से एक रडार का इस्तेमाल समुद्री निगरानी के लिए और दूसरे का हवाई निगरानी के लिए किया जाता था। ईरान ने कुवैत में मौजूद अमेरिकी सैन्य बुनियादी ढांचे को भी निशाना बनाने की बात कही है। इस बीच जॉर्डन की सेना ने बताया कि उसने अपने हवाई क्षेत्र में ईरान की तीन मिसाइलों को मार गिराया है। शुक्रवार तड़के बहरीन और कतर से भी हमलों की खबरें सामने आई हैं, जिससे पूरे क्षेत्र में तनाव चरम पर पहुंच गया है।

चाबहार पोर्ट में भारत का निवेश
गौरतलब है कि चाबहार ईरान के दक्षिण-पूर्वी सिस्तान-बलूचिस्तान प्रांत में स्थित एक अहम बंदरगाह है। इस समुद्री क्षेत्र को भारत लंबे समय से एक रणनीतिक वैकल्पिक मार्ग के रूप में देखता रहा है। चाबहार पोर्ट इंटरनेशनल नॉर्थ-साउथ ट्रांसपोर्ट कॉरिडोर के लिए काफी अहमियत रखता है। इस रूट से भारत की यूरोप तक पहुंच आसान हो जाती। वहीं रूस और खुद ईरान को भी इसका फायदा होता। 2016 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने ईरान दौरे पर भारत, ईरान और अफगानिस्तान के बीच संबंधों को मजबूत करने के लिए चाबहार पोर्ट को विकसित और संचालित करने के लिए 55 करोड़ डॉलर निवेश का ऐलान भी किया था।

Jeevan Ayurveda Clinic

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here