गोपालगंज
गोपालगंज जिले के कुचायकोट थाना क्षेत्र में पुलिस ने ऑर्केस्ट्रा नेटवर्क के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए कई अड्डों पर छापेमारी की. इस दौरान 45 नाबालिग लड़कियों को छुड़ाया गया है. वहीं पांच युवतियों और 16 ऑर्केस्ट्रा संचालकों को गिरफ्तार किया गया. पुलिस को मौके से किशोरियों के उत्पीड़न से जुड़े कई अहम सबूत भी मिले हैं.
यह कार्रवाई एसपी विनय तिवारी के निर्देश पर की गई. कुचायकोट थानाध्यक्ष दर्पण सुमन के नेतृत्व में पुलिस टीम ने कुचायकोट, बलिवन सागर और विंदवलिया भठवां इलाके में एक साथ छापेमारी अभियान चलाया.
राजस्थान से लापता किशोरी भी मिली
पुलिस जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है. बरामद किशोरियों में एक लड़की ऐसी भी मिली, जो पिछले पांच वर्षों से राजस्थान से लापता थी. वहां के थाने में उसकी गुमशुदगी दर्ज है. पुलिस ने पूछताछ के बाद उसके परिजनों को सूचना दे दी है ताकि वे आकर अपनी बेटी को घर ले जा सकें. शुरुआती जांच में यह भी सामने आया है कि बरामद लड़कियों में सबसे अधिक संख्या पश्चिम बंगाल की है.
जबरन ऑर्केस्ट्रा में काम कराने का आरोप
किशोरियों ने पूछताछ में आरोप लगाया कि उन्हें जबरन ऑर्केस्ट्रा में काम कराया जाता था. पुलिस अब पूरे नेटवर्क की जांच में जुट गई है. गिरफ्तार युवतियों और संचालकों से लगातार पूछताछ की जा रही है. पुलिस का कहना है कि सभी आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जेल भेजने की तैयारी की जा रही है.
NGO ने भी किया सहयोग
इस अभियान में पटना पुलिस मुख्यालय के अधिकारियों के साथ ‘एसोसिएशन फॉर वॉलंटरी एक्शन’ और ‘नारायणी सेवा संस्थान’ की टीम ने भी सहयोग किया. दोनों संस्थाएं ‘जस्ट राइट्स फॉर चिल्ड्रन’ नेटवर्क से जुड़ी हैं, जो देशभर में बाल संरक्षण पर काम करता है.
यौन शोषण की आशंका
एसोसिएशन फॉर वॉलंटरी एक्शन के वरिष्ठ निदेशक मनीष शर्मा ने कहा कि इस कार्रवाई ने नाबालिग लड़कियों की तस्करी और शोषण के बड़े नेटवर्क को उजागर किया है. उन्होंने कहा कि कई बच्चियों को झांसा देकर इस धंधे में धकेला जाता है और उनके यौन शोषण तक की आशंका सामने आई है.









